स्थानीय लोकमान्यताओं के अनुसार, भरत देव बाबा छिंदवाड़ा के चंदनगांव क्षेत्र में पूजे जाने वाले एक लोकदेवता हैं. मान्यता है कि उनकी बारात इसी स्थान पर पत्थर में बदल गई थी, जिसके बाद यह स्थल आस्था का केंद्र बन गया.
देव राखी पीले धागे और रुई से तैयार की जाने वाली एक पारंपरिक पवित्र राखी होती है. पूजा के बाद इसे पेड़ों, फसलों और प्रकृति को समर्पित किया जाता है.
मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के कुछ गोंड जनजातीय गांवों में पारंपरिक रूप से महिलाएं अपने भाइयों को राखी नहीं बांधतीं. यहां रक्षाबंधन का पर्व प्रकृति और खेती के प्रति आस्था के रूप में मनाया जाता है.